होलिका दहन सात मार्च को करना होगा शुभ
रुड़की
होलिका दहन को लेकर संशय बना हुआ है। आईआईटी स्थित सरस्वती मंदिर के पुजारी आचार्य राकेश शुक्ल ने बताया कि छह मार्च को भद्रा का साया पड़ने से यह स्थिति बनीं है। होलिका दहन के लिए तीन शर्ते बताई गई हैं। पहला पूर्णिमा तिथि, दूसरी रात्रि का समय और तीसरी भद्रा का साया ना हो। छह मार्च को पूर्णिमा तिथि शाम करीब 6:15 बजे शुरू होगी। जो अगले दिन 7 मार्च को शाम लगभग 6:09 तक रहेगी। 6 मार्च को शाम लगभग 4:15 से भद्रा भी प्रारंभ हो जाएगी। जो 7 मार्च की सुबह लगभग 5:15 बजे समाप्त होगी। ऐसी स्थिति में 7 मार्च को तीनों शर्तें पूर्ण होती हैं। इसलिए सूर्यास्त के अनुसार 7 मार्च को शाम 6:20 से 8:50 के बीच होलिका दहन का शुभ मुहूर्त बनता है।

