टेलीमेडिसन योजना आम लोगों के लिए वरदान: धन सिंह
देहरादून। स्वास्थ्य मंत्री धन सिंह रावत ने उत्तराखंड की टेली मेडिसन सेवा को आम लोगों के लिए वरदान बताया। अभी तक नौ लाख से अधिक लोग इसका लाभ उठा चुके हैं। इस योजना में अब एम्स ऋषिकेश समेत प्रदेश के चार मेडिकल कॉलेजों को भी जोड़ दिया गया है। इससे अब आम लोग मेडिकल कॉलेजों के विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवा का लाभ भी उठा रहे हैं। उत्तराखंड प्रति लाख टेली कंसलटेशन देने के मामले में देश भर में दूसरे स्थान पर है।
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि योजना के तहत प्रदेश के दूरस्थ और पर्वतीय क्षेत्रों के लोगों को ई-संजीवनी के माध्यम से विशेषज्ञ चिकित्सकों के द्वारा निःशुल्क परामर्श और उपचार दिया जा रहा है। टेलीमेडिसिन की सुगमता को देखते हुये अब एम्स ऋषिकेश समेत प्रदेश के चार सरकारी मेडिकल कॉलेजों दून, श्रीनगर, हल्द्वानी, अल्मोड़ा मेडिकल कॉलेज को भी जोड़ दिया गया है। ताकि आम लोगों को विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाओं का भी लाभ मिल सके।
इन विशेषज्ञ डॉक्टरों में नाक, कान, गला रोग विशेषज्ञ, जनरल मेडिसिन, नेत्र रोग, न्यूरोलॉजी, बाल रोग, हड्डी रोग, स्त्री एवं प्रसूति रोग, मानसिक रोग, हृदय रोग, त्वचा रोग विशेषज्ञ शामिल है। वर्ष 2020 से अब तक कुल नौ लाख से अधिक लोगों को टेली कन्सलटेशन दिया जा चुका है। वर्ष 2022 में रिकॉर्ड चार लाख से अधिक लोगों को टेली मेडिसिन सेवाएं दी गई। राज्य में टेली कंसल्टेशन का औसत परामर्श समय दो मिनट है। औसत प्रतिक्षा समय आठ मिनट है। जो देश के अन्य राज्यों के मुकाबले बेहतर है। सोमवार से शनिवार तक सुबह नौ बजे से शाम बजे तक प्रदेश का कोई भी व्यक्ति ई-संजीवनी एप, वेलनेस सेन्टरों एवं टोल फ्री नम्बर 104 के माध्यम से इस सेवा का लाभ ले सकता है।

